इंदौर में लंग्स में इन्फेक्शन के चलते ब्रेन डेड घोषित एडवोकेट अभिजीता राठौर ने कई लोगों को जिंदगी दी है। उनकी दोनों किडनियां और लिवर इंदौर में ही 3 मरीजों को ट्रांसप्लांट किए गए। तीनों मरीज काफी गंभीर थे। अब अभिजीता की स्किन भी 5 से ज्यादा झुलसे लोगों को नई जिंदगी देगी। अस्पताल में उनकी स्किन और कॉर्निया वहां मौजूद लोगों को विशेष मेडिकल पारदर्शी बॉक्स और बोतल में दिखाए गए। उनका महत्व और सर्जरी की प्रोसेस भी समझाई गई। यह नजारा जज्बातों से भरा था। अभिजीता के परिजन भावुक हो उठे। 38 वर्षीय अभिजीता को 25 अक्टूबर को लंग्स में इन्फेक्शन के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान उनके ब्रेन में ब्लड क्लॉट (खून जमना) हो गया, जिसके चलते डॉक्टरों ने शनिवार को उन्हें ब्रेन डेड घोषित कर दिया था। तीन तरह से मरीजों को मिलेगा फायदा
अस्पताल में मुस्कान ग्रुप के सेवादार और एक्सपर्ट संदीपन आर्य ने स्किन का स्पेशल मेडिकल बॉक्स हाथ में लेकर बताया कि यह त्वचा अनमोल है। वहीं, सेवादार जीतू बगानी ने कहा- डोनेट की गई स्किन मरीजों को 3 तरह से फायदा देती है। पहला घाव भरने में, दूसरा जले हुए हिस्से से निकल रहे पानी को बंद करने और तीसरा मरीज की खुद की स्किन बनाने में। खास बात यह है कि डोनेट की गई स्किन स्पेशल केमिकल में 5 साल तक सुरक्षित रह सकती है। इसे 4 डिग्री तापमान में स्टोर किया जाता है। अंधेरी जिंदगी में आंखें करेंगी उजियारा
एक्सपर्ट संदीपन आर्य ने बताया कि अभिजीता का कॉर्निया (आंख की बाहरी पारदर्शी झिल्ली) ऐसे मरीजों के काम आएगा, जिनका कॉर्निया किसी कारणवश घिस गया है और उनको दिखना कम हो गया है। कॉर्निया मृत्यु के आठ घंटे के अंदर निकाला जाना जरूरी है। इसे दो प्रकार के रसायन में रखा जाता है। एक एमके मीडिया होता है, इसमें कॉर्निया 72 घंटे सलामत रहता है। दूसरा रसायन कॉर्निया सोल होता है, जो महंगा है। इसमें कॉर्निया 15 दिन तक सुरक्षित रखा जा सकता है। अभिजीता का कॉर्निया इसी रसायन में रखा गया है। अभिजीता के पति प्रवीण ने कहा- अभिजीता के इस दुनिया के जाने के बाद भी उसकी आंखें दूसरे के काम आकर दुनिया देखेंगी, इससे बड़ा सुकून और क्या हो सकता है। स्किन डोनेशन में देश में दूसरे नंबर पर इंदौर
इंदौर का स्किन बैंक, देश में मुंबई के बाद दूसरे नंबर पर लार्जेस्ट कलेक्शन सेंटर है। यहां बीते 10 साल में 990 स्किन डोनेशन हो चुके हैं। यही कारण है कि यहां बाहर के लोग भी इलाज के लिए आते हैं। यहां डोनेट की गई स्किन विदेशों में भी इलाज के लिए भी एक्सपोर्ट की जाती है। मामले से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… इंदौर में ब्रेन डेड वकील का अंगदान…पति ने पहनाया मंगलसूत्र इंदौर में हाईकोर्ट की वकील अभिजीता राठौर (38) के ब्रेन डेड होने के बाद रविवार को उनका अंगदान किया गया। इसके लिए शहर में 65वां ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया। इस दौरान उनका लिवर और दोनों किडनियां इंदौर के तीन अस्पतालों में ट्रांसप्लांट के लिए पहुंचाई गईं। पढ़ें पूरी खबर…
ब्रेन डेड एडवोकेट की स्किन से बचेंगी और 5 जिंदगियां:इंदौर में पति बोले- इससे बड़ा सुकून क्या; दोनों किडनी और लिवर 3 मरीजों को ट्रांसप्लांट
