दिल्ली ब्लास्ट को अंजाम देने वाले आतंकी उमर के तार हल्द्वानी से जुड़े हैं। सूत्रों के अनुसार उमर के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल्स खंगालते हुए दिल्ली पुलिस की टीम बीती रात करीब ढाई बजे हल्द्वानी के बनभूलपुरा में पहुंची और बिलाली मस्जिद के इमाम मौलाना आसिम को पकड़ अपने साथ दिल्ली ले गई। देर रात मुस्लिम बाहुल क्षेत्र में की गई इस कार्रवाई के बाद तनाव और माहौल बना रहा, जिसके बाद मस्जिद के पास पुलिस के जवान तैनात कर दिए गए हैं, इसके साथ ही पूरे बनभूलपुरा एरिया में भी चेकिंग की जा रही है, हर आने जाने वाले वाहन की सघन तलाशी की जा रही है। रात को ही एसपी क्राइम जगदीश चंद्रा और सीओ भवाली अमित सैनी, सीओ रामनगर सुमित कुमार पांडे और कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंची थी। जिसके बाद पुलिस ने सुबह मस्जिद और इमाम के आवास के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी है। पुलिस की चेकिंग के PHOTOS देखें…. मस्जिद में बच्चों को शिक्षा देता था इमाम मौलाना उत्तर प्रदेश रामपुर जिले के टांडा दड़ियाल का रहने वाला है जो पिछले तीन-चार सालों से यहां पर इमाम के तौर पर रह रहा था। वह मस्जिद के पास के आवासीय कमरे में अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ रह रहा है। बताया जा रहा है कि इमाम मस्जिद में बच्चों को पढ़ाता था। स्थानीय लोगों के मुताबिक इमाम सामाजिक कार्यों से दूर रहता था। फरीदाबाद का असिस्टेंट प्रोफेसर था उमर डॉ. मोहम्मद उमर नबी फरीदाबाद की अल-फलाह यूनिवर्सिटी में मेडिसिन विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर था, लेकिन उसने 10 नवंबर को दिल्ली लाल किले के सामने कार बम विस्फोट जैसी आतंकी घटना को अंजाम दिया। इस हमले में 13 लोग मारे गए और कई घायल हुए। हमले की योजना में उसके साथी आमिर राशिद अली और अन्य शामिल थे। 9 नवंबर की रात उसने अपनी i20 कार लेकर एटीएम और टोल प्लाजा से होते हुए दिल्ली की ओर रुख किया और 10 नवंबर को आत्मघाती हमला कर दिया।
उत्तराखंड से जुड़े दिल्ली ब्लास्ट के तार:आतंकी उमर के संपर्क में था बनभूलपुरा का मौलाना, कॉल डिटेल ट्रेस कर पहुंची पुलिस
